नागपुर: इस्लामिक संगठन असताफातुर रजिया के बैनर तले शहर के तमाम उलेमाओं ने देश भर के मुसलामानों से शादियों में बैंड बाजे सहित सभी प्रकार की फिजूल खर्ची से बचने की अपील की हैं.

उलेमाओं ने कहा कि मुसलमानों को शादी में बैंड -बाजा और शानो-शौकत दिखाने के बजाय नबी ए करीम (सल्ल.) की के तरीकों यानि सुन्नतों पर अमल करते हुए सादगी के साथ शादी करनी चाहिए.

और पढ़े -   पीएम मोदी का वाराणसी दौरा, योगी सरकार का हर मदरसे को 25-25 महिलाओं को भेजने का आदेश

उन्होंने कुरआन ए पाक की आयत अल- अरफ का हवाला देते हुए कहा कि अल्लाह फिजूल खर्ची को ना पसंद फरमाया हैं इसलिये अगर शादी में फिजूल खर्ची और दिखावा कर रहे हैं तो अल्लाह के हुक्म को मानने से इनकार कर रहे हो.

संगठन के प्रेसिडेंट मौलाना अतिक-उर-रहमान ने कहा, कुरआन और हदीस का हुक्म हैं कि हम अपनी शादियों को सादगी और कम खर्चों के साथ करे. शादियों में पटाखे, बैंड बाजा नाच गाने जैसे पैसे लगाना गुनाह है.

और पढ़े -   पीएम मोदी ने मंदि‍र को ढंकवा कर आबे को दिखाई सैयद मस्जिद

[ हिंदुस्तान की महिलाओं को अपने आप को ढक कर रखना चाहिए : जगद्गुरु माते महादेवी ]

उन्होंने आगे बताया कि उनका संगठन हर हफ्ते सेमिनार करके मुसलमानों को शादी करने के सुन्नती और जायज़ तरीके बता रहा हैं. साथ ही उन्होंने कहा कि लोगों को ये भी समझाया जा रहा हैं कि दौलत खुदा की नेमत है और इसका सही जगह पर करना चाहिए.

और पढ़े -   योगी सरकार की कर्जमाफी - 1.5 लाख के कर्ज के बदले किया गया सिर्फ 1 पैसा माफ

Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE