dargah ala hazrat owaisi

अपनी मुलाकात के बाद उन्होंने पत्रकारों से मुखातिब होते हुए कश्मीर मुद्दे को लेकर केंद्र और जम्मू कश्मीर की सरकार पर जमकर निशाना साधा। साथ ही उन्होंने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को भी सलाह दी। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान हमारी फिक्र करना छोड़ दें और पाकिस्तान की चिंता करें क्योंकि वहां भी बहुत सी परेशानियां हैं, उनकी और ध्यान दें नवाज शरीफ। इसके साथ ही उन्होंने कर्फ्यू में राहत देने की बात भी कही।

और पढ़े -   सिमी सदस्यों के एनकाउंटर में मिली सभी पुलिस अधिकारियों को क्लीन चीट

इसके साथ ही उन्होंने कहा कि उन्होंने पार्लियामेंट में कहा है कि जब भी कोई आतंकी मारा जा रहा था उसके नमाजे जनाजा में हजारों लोग शिरकत कर रहे थे। इस बात को वहां की हुकूमत ने और केंद्र सरकार ने सीरियस नहीं लिया जिसके कारण आज ये हालात हैं।

वहीं रविवार को हुई दोनों दिग्गज मुस्लिम नेता की मुलाकात से प्रदेश में नए सियासी समीकरण बन सकते हैं। क्योंकि बरेली और आस पास के क्षेत्र में मौलाना तौकीर की मुस्लिम मतों पर अच्छी पकड़ हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में 10 सीटों पर चुनाव लड़ने वाली मौलान तौकीर रजा की आईएमसी ने एक सीट पर जीत प्राप्त की थी और बाकी सीटों पर भी उसे अच्छे वोट मिले थे।वैसे अगर देखा जाए तो बरेली जाकर ओवैसी ने एक तीर से कई निशाने साधे है जहाँ एक तरफ मौलाना तौकीर पिछले दिनों देवबंद तथा बरेलवी मसलक के आपसी तालमेल के पक्ष में खड़े नज़र आये थे जिस कारण ओवैसी काफी हद तक नौजवानों के वोट अपनी खींच सकते है।

और पढ़े -   शिवराज सरकार का मदरसों को आदेश - रोज फहराया जाएगा तिरंगा, गाया जाए राष्ट्रगान

Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE