विहिप नेता साध्वी प्राची ने 20 हजार रुपए का एक बांड पेश किया और यह हलफनामा दिया कि मामले में अगली सुनवाई के दौरान वह अदालत में पेश होंगी।

मुजफ्फरनगर के 2013 दंगों से जुड़े एक मामले में पेश होने में नाकाम रहने पर कई वारंट जारी होने के बाद विहिप नेता साध्वी प्राची ने गुरुवार (18 फरवरी) को यहां की एक अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया। उन्होंने 20 हजार रुपए का एक बांड पेश किया और यह हलफनामा दिया कि मामले में अगली सुनवाई के दौरान वह अदालत में पेश होंगी। इसके बाद अदालत ने जमानती वारंट वापस ले लिया। अदालत के वारंट के बाद भी 23 जनवरी को पेश नहीं होने के बाद उनके खिलाफ नया वारंट जारी किया गया था। इसके पहले उन्हें इसी मामले में 18 दिसंबर को पेश होने के लिए कहा गया था।

और पढ़े -   झारखंड पुलिस ने मुस्लिम युवक का किया फर्जी एनकाउंटर, इलाके में फैला तनाव

पिछले साल दिसंबर में, केंद्रीय मंत्री संजीव बालियान, भाजपा विधायक सुरेश राणा, भाजपा सांसद भारतेंदु सिंह और चार अन्य लोगों ने यहां मामले में आत्मसमर्पण किया था जबकि भाजपा विधायक संगीत सोम ने 19 जनवरी को समर्पण किया था। मामले में अगली सुनवाई 23 फरवरी को होगी।

भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत आरोपी निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने, लोक सेवकों को अपने कर्तव्य का पालन करने से रोकने जैसे आरोपों का सामना कर रहे हैं। आरोपी कथित तौर पर एक महापंचायत बैठक में शामिल हुए थे और अगस्त 2013 के आखिरी हफ्ते में अपने भाषणों के जरिए कथित रूप से हिंसा को बढ़ावा दिया था। अगस्त और सितंबर 2013 में मुजफ्फरनगर और उसके आसपास के क्षेत्रों में सांप्रदायिक झड़पों में 60 लोगों की मौत हो गयी थी जबकि 40,000 से ज्यादा लोग विस्थापित हुए थे। (Jansatta)

और पढ़े -   छत्तीसगढ़ के सुकमा में फिर से नक्सली हमला, 3 जवान शहीद, 4 घायल

Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE