suc

मध्य प्रदेश के मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के किसानो की मदद के दावे खोकले साबित हो रहे हैं. राज्य में फसल बर्बादी और कर्ज का बोझ किसानो को अपनी जान से ज्यादा भारी लगने लगा हैं. जिसके कारण किसान मोत को गले लगाना आसान समझ रहे हैं.

राज्य के बड़वानी जिले में कर्ज के बोझ तले दबे किसान ने सल्फास खाकर खुदखुशी कर ली. किसान पर करीब दो लाख रुपए का कर्ज था. राजेंद्र की तबियत बिगड़ने पर परिजनों ने उसे इलाज के लिए सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया, लेकिन उसकी जान नहीं बचाई जा सकी.

और पढ़े -   बिहार में बाढ़ बरपा रही कहर- अब तक गई 106 लोगों की जान, बढ़ सकता है आंकड़ा

परिजनों ने के अनुसार राजेंद्र पर सोसायटी का करीब एक लाख 80 हजार रुपए का कर्ज था. कर्ज की अदायगी को लेकर वह काफी दिनों से परेशान था. इसी परेशानी के चलते उसने मौत को गले लगा लिया. पुलिस ने केस दर्ज कर पोस्टमार्टम के बाद राजेंद्र का शव परिजनों को सौप दिया.

प्रदेश के सागर, खंडवा, बैतूल, विदिशा, अलिराजपुर, देवास, रीवा, सीहोर आदि जिलों में सूखे, ओलावृष्टि की वजह से फसल बर्बाद होने और कर्ज के चलते दर्जनों किसान आत्महत्या कर चुके हैं.

और पढ़े -   देखे वीडियो: खरगौन में हुआ स्वतंत्रता दिवस का अपमान, तिरंगा के बजाय फहराया भगवा

Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE