दिनांक 5 जून रविवार शाम को momincart.com के नाम से इस्लामी पुस्तकों की एक विशाल वेबसाइट का उद्घाटन किया गया. इन्टरनेट की दुनिया में यह पहली बार हुआ है कि जहाँ 1500 लेखकों की लगभग 9000 पुस्तकें ऑन लाइन उपलब्ध हैं. यक़ीनन पाठकों के लिए यह एक अच्छी ख़बर है. टेक्नॉलजी के इस दौर में एक बटन दबाते ही पुस्तकें उपलब्ध करने का यह साहसिक क़दम वास्तव में सराहनीय है. इसके लिए वासिक़ नदीम साहिब बधाई के पात्र हैं.

13391025_1138213396242145_1803158945_n

एक प्रश्न का उत्तर देते हुए वासिक़ नदीम साहिब ने कहा कि- “इस वेबसाइट के द्वारा हमारा उद्देश्य यह है कि हर व्यक्ति के हाथों तक पुस्तकें पहुँचाई जा सकें, क्योंकि आज के दौर में लोगों के पास इतना समय नहीं है कि वे बाज़ार जाकर किताबें तलाश करके ख़रीद सकें. आज इस इन्टरनेट टेक्नोलॉजी के द्वारा लोग ऑनलाइन चीज़ें ख़रीद कर अपना क़ीमती समय बचा लेते हैं. इस पहलू से हमने इन्टरनेट की दुनिया में इस्लामिक पुस्तकें उपलब्ध कराने का प्रयास किया है. इस वेबसाइट पर पुस्तक प्रेमियों के लिए बहुत ही कम क़ीमत पर पुस्तकें उपलब्ध कराई गई हैं.”
उन्होंने बताया कि इस वेबसाइट से पैसा कमाना हमारा उद्देश्य नहीं है.

और पढ़े -   इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश पर गिराया जाएगा मस्जिद का एक हिस्सा

उदघाटन के अवसर पर बहुत-सी जानी-मानी हस्तियाँ और लेखक मौजूद थे. जमाते-इस्लामी हिन्द के जनरल सेक्रेटरी जनाब इंजीनियर सलीम साहब ने वेबसाइट का उदघाटन किया. अल्प संख्यक आयोग के भूतपूर्व चेयरमैन जनाब कमाल फ़ारूक़ी साहब और आल इंडिया मुस्लिम मजलिसे-मुशावरत के अध्यक्ष जनाब नवेद हामिद साहिब मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद थे, जिन्होंने वेबसाइट के इस काम की न केवल प्रशंसा की बल्कि बहुत से मशवरे भी दिए.

और पढ़े -   शिवराज के तेरह सालों के शासन में 15 हजार किसानों ने की आत्महत्या

अपने अध्यक्षीय भाषण में इंजीनियर सलीम साहिब ने कहा कि आज की दुनिया में हम इन्टरनेट के बग़ैर कुछ नहीं कर सकते थे. एक ज़माना था जब लोग किताबें ख़रीदने के लिए बाज़ार जाया करते थे, आज बाज़ार लोगों के घर के दरवाज़े तक चला आया है. यह नया ज़माना है और इसमें लोगों को नए तरीक़ों को इस्तेमाल करना चाहिए.

और पढ़े -   अध्यापकों ने पहले मुस्लिम छात्र की दाढ़ी-मूंछ काटी, फिर स्कूल में ही बनाया बंधक


जनाब कमाल फ़ारूक़ी साहिब ने वेबसाइट पर ख़ुशी का इज़हार करते हुए कहा कि आज पर्सनल लॉ से सम्बन्धित हमारी बहुत-सी समस्याएँ और मसले हैं और लोग उनके बारे में पढ़ना व जानना चाहते हैं, लेकिन वे नहीं जानते कि ये जानकारी वे कहाँ से हासिल करें.”

उन्होंने कहा कि यह एक सराहनीय क़दम है और जो लोग सही जानकारी चाहते हैं उन्हें इस वेबसाइट के ज़रिए नए विषयों पर सही जानकारी हासिल हो सकेगी.

जनाब नवेद हामिद ने वासिक़ नदीम और उनकी पूरी टीम को बधाई दी और कहा कि यह बहुत ही अच्छा और सराहनीय क़दम है.


Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE