पाटीदार आन्दोलन के नेता रेशमा पटेल ने अमरनाथ यात्रियों पर हुए हमले को लेकर केंद्र सरकार को सवालों के घेरे में खड़ा किया है,उन्होंने अपने ऑफिसियल पेज के द्वारा केंद्र सरकार से पूछा है की जब अलग रूट पर बस ले जाने की परमिशन नही थी तो उस बस को इजाज़त क्यों दी गयी.

गौरतलब है की अमरनाथ यात्रियों पर हुए हमले के बाद से देश में शोक का माहौल है जहाँ कुछ लोग मरने वाले तीर्थयात्रियों के प्रति संवेदना जता रहे है वहीँ कुछ लोग प्रधानमंत्री मोदी से पाकिस्तान के खिलाफ कार्यवाही करने की मांग कर रहे है.

आइये जानते है पाटीदार आन्दोलन की नेता रेशमा पटेल ने केंद्र सरकार से क्या क्या सवाल पूछे है ?

सवाल तो पैदा होंगे ही…

जो बस गुजरात के अमरनाथ यात्रीओ को लेकर जा रही थी और इतने संवेदनशील क्षेत्र  से गुजर रही थी तो उसे पर्याप्त सुरक्षा कवच क्यो नही दिया गया ? जब तय समय के बाद उस रोड से वाहन आवन जावन की इजाजत नही थी तो ये बस वहा से कैसे गुजर रही थी।

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जब बस गलत समय पर चल रही थी तो उसको रोका क्यों नही गया? और इस समय जब की बस जाने की इजाजत ही नही वो सिर्फ 1 CRPF गाड़ी किसके  कहने पर बस को सिक्योरीटी देने पहुची ? जो भी बस अमरनाथ यात्रा पर जाती है  उसके पास अमरनाथ यात्रा का स्पेशीयल श्राइन बोर्ड होता हे वो इस बस के पास क्यो नही था?


ये बात भी जगज़ाहिर  है की जिस रुट से बस गुजर रही थी वहा सबसे ज्यादा आतंकवादी हमले होने की संभावना रहती  है और सिक्योरीटी फोर्स भी वहा सबसे ज्यादा तैनात रहते हे तो उस वक्त सिक्योरिटी फ़ोर्स क्या कर रहे थे? इतना ही नही IB रिपोर्ट भी पहले से था जिसमे आशंका जताई गयी थी की आतंकी वारदात हो सकती हे फिर भी BJP PDP गठबंधन यात्रिओ की सुरक्षा के इंतेज़ाम करने में क्यों नाकाम रही?


सन् 2000 मे पहलगाम मे आतंकी हमले मे 30 अमरनाथयात्री शहीद हुए ओर 17 साल बाद अनंतनाग मे गुजरात के 7 अमरनाथयात्री शहीद हुए। तब भी बीजेपी सत्ता मे थी। अब भी बीजेपी सत्ता मे हैं।


ये शायद एक संयोग हो सकता हे की इन सालो दौरान यात्रीओ पर कोइ हमला नही हुआ।

जम्मु मे भाजपा गठबंधन की ही सरकार हे. केन्द्र में भाजपा की सरकार है। तो सवाल तो हमे पुछने ही होंगे । कड़ी निंदा से कब तक काम चलेगा अब मोदी जी एक्शन लेने का समय हे। 56 इंच का सीना और आप की 56 इंची जबान से निकलने वाले जुमलों से हम त्रस्त हो गए हैं। बहुत हो चुकी मन की बात अब आंतकिओ से गन की बात कीजिए।

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गुजरात में इलेक्शन करीब हैं हमे होशियार रहना होगा।

अगर मैं झूठ बोलुंगी तो गैरत मार डालेगी
अगर मे सच बोलुंगी तो हुकूमत मार डालेंगी
बहुत होशियार रहना देशके हिंदु ओर मुसलमानों
वरना आपस मे लड़ा कर सियासत मार डालेगी

इंसानियत ओर धर्म के दुश्मन जहा धर्म के रास्ते पे निकले शिवभक्तो की कत्लेआम कर रहे थे वही खुदा का बंदा गुजरात का बहादुर ड्राइवर सलीम इन आतंकियों से टक्कर लेते हुए अपने हम वतन भाइओ को पाकिस्तान प्रेरित आतंकीओ के हमले की गोलीओ की बौछारो से बचा कर हिफाजत की ओर ले जा रहा था । इस कत्लेआम पर मजहब की राजनीति करने वालो के मुंह पर ये कुदरत का जोरदार तमाचा हे।

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नफरतो की शाजिस पर मोहब्बत की जीत हुई।
शिवभक्तों को बचाने के लिए खुदा की ताकत नसीब हुई।

आज हमें देश की एकता ओर अखंडिता के लिये नफरतो की साजिशो को नाकाम कर के एक जुट होना होंगा।

जय हिंद

– रेश्मा पटेल


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