कानपुर | उत्तर प्रदेश में भीड़ तंत्र का शिकार अब पुलिस भी होने लगी है. इसकी एक बानगी कानपुर में देखने को मिली . यहाँ सड़क पर जाम लगा रहे लोगो को जब पुलिस ने रोकना चाहा तो उन्होंने उल्टा पुलिस पर ही हमला बोल दिया. इस हमले में एक दरोगा समेत पांच पुलिस वाले घायल हो गए. बाद में पुलिस ने करीब 300 लोगो पर मुकदमा दर्ज कर 20 लोगो को गिरफ्तार कर लिया.

और पढ़े -   नोटबंदी और जीएसटी से जीडीपी पर प्रतिकूल असर पड़ा है: पूर्व पीएम मनमोहन सिंह

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार कानपुर के बर्रा स्थित जागृति अस्पताल में एक नाबालिग लड़की उपचार के लिए आई हुई थी. आरोप है की अस्पताल के एक कर्मचारी ने नाबालिग को बेहोशी का इंजेक्शन देकर उसके साथ बलात्कार किया. जब इसकी सूचना लड़की के परिजनों को लगी तो उन्होंने हंगामा खड़ा कर दिया. इसके बाद शनिवार को अस्पताल बंद करवाने की मांग को लेकर वहां काफी लोग इकठ्ठा हो गए और हाई वे जाम करने की कोशिश की.

और पढ़े -   दुर्गा प्रतिमा विसर्जन पर रोक लगाने के ममता सरकार के आदेश पर हाई कोर्ट सख्त, पुछा सत्ता है तो मनमाना आदेश पारित करेंगे

इस दौरान कुछ युवको ने अस्पताल में तोड़ फोड़ भी की. उस समय वहां मौजूद पुलिस बल ने लोगो को समझाने की कोशिश की तो उन्होंने पुलिस पर ही हमला बोल दिया. लोगो ने पुलिस को दौड़ा दौड़ा कर पीटा. यहाँ तक की एक दरोगा को पीट पीट कर अधमरा कर दिया गया. इस पुरे मामले में 5 पुलिस कर्मी घायल हो गए. भीड़ में शामिल लोगो का आरोप था की पुलिस आरोपी को बचाने का प्रयास कर रही है.

और पढ़े -   फर्जी बाबाओ की लिस्ट जारी करने वाले महंत मोहन दास हुए लापता, मोबाइल भी आ रहा स्विच ऑफ

उधर पुलिस ने इस पुरे मामले में 28 लोगो के खिलाफ नामजद जबकि 300 अज्ञात लोगो के खिलाफ केस दर्ज किया है. वही 20 लोगो को गिरफ्तार भी कर लिया गया. इसके अलावा दुष्कर्म के आरोपी के खिलाफ भी मामला दर्ज कर उसको हिरासत में ले लिया गया. यही नही अस्पताल पर कार्यवाही करते हुए उसे खाली कराकर सीज कर दिया गया.


Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE