chief-justice-ts-thakur_650x400_71449407706

मुख्य न्यायाधीश ने न्यायपालिका के सरकार के कामों में दखल के आरोपों पर जवाब देते हुवे कहा कि न्यायपालिका को सरकार के नाकाम होने पर दखल देना पड़ता हैं. कुछ दिन पहले ही वितमंत्री अरुण जेटली और रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर ने न्यायपालिका के कुछ फैसलों पर सवाल उठाया था और उन्हें फैसलों को बेतूका कहा था.

ऐसे में मुख्य न्यायधीश का ये बयान मोदी सरकार के मंत्रियों द्वारा दिए गए बयानों से जोड़कर देखा जा रहा हैं. सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस तीर्थ सिंह ठाकुर ने एक फिर केंद्र सरकार के कामकाज पर उंगली उठाई है. उन्होंने कहा कि हम मजबूरी में सरकार के काम में देखल देते हैं. काम संविधान के मुताबिक न हो तो दखल देना पड़ता है. कोर्ट नहीं चाहती कि सरकार का काम टेकओवर करे.

और पढ़े -   एनसीईआरटी किताबो में करेगा बदलाव, अब गुजरात दंगे नही रहेंगे मुस्लिम विरोधी

उन्होंने आगे कहा कि, जो काम किए जाने चाहिएं वो नहीं हो रहे हैं. सरकार सही काम करे तो हम दखल नहीं देंगे. कोई इसे गलत समझता है तो ये उसका परसेप्शन है.


Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE