नई दिल्ली | दिल्ली की जामा मस्जिद के शाही इमाम सैयद अहमद बुखारी ने मोदी सरकार को लिखकर मुस्लिमो की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है. गौरक्षा के नाम पर मुस्लिमो पर हो रहे हमलो से चिंतित शाही इमाम ने अपने पत्र में कहा की अगर जानवरों की रक्षा के नाम पर इस तरह मुस्लिमो को मारा पीटा जाता रहा तो देश में शांति और सद्भाव का माहौल बिगड़ सकता है.

मिली जानकारी के अनुसार शाही इमाम ने 12 जुलाई को केन्द्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह को खत लिखा. खत में उन सभी घटनाओं पर चिंता व्यक्त की गयी जो हाल फ़िलहाल में घटित हुई है. इमाम का कहना है की गौरक्षा के नाम पर मुस्लिमो को निशाना बनाया जा रहा है. इसलिए मेरी चिंता यह है की बकरीद के मौके पर जो लोग बकरिया या भेंसो की धुलाई करेंगे , उन पर भी हमला हो सकता है.

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शाही इमाम ने आगे लिखा की हम गौकशी के समर्थक नही है. यह एक धर्म विशेष की आस्था से जुड़ा मामला है. इसके साथ उन लोगो की भावनाए जुडी हुई है. हम उनकी भावनाओ का सामान करते है लेकिन हमारे धर्म में बकरीद के मौके पर जानवरों की कुर्बानी देने की प्रथा है. इसलिए हम नही चाहते की इसमें किसी तरह का व्यवधान हो. क्योकि जब हम किसी और के धार्मिक आयोजन में व्यवधान नही डालते तो हमारी धार्मिक आयोजनों में भी कोई व्यवधान नही होना चाहिए.

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शाही इमाम ने एक तरीके से सरकार को चेताते हुए कहा की बकरीद के मौके पर जो लोग बकरियों और भेंसो को धो रहे है उनकी सुरक्षा सुनिश्चित होनी चाहिए. अगर जानवरों की रक्षा के नाम पर इसी तरह मुस्लिमो को मारा पीटा गया तो इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते है. देश में शांति सद्भाव का माहौल बिगड़ सकता है. मालूम हो की हाल फिलहाल में देश के अन्दर कई मुस्लिमो पर गौरक्षा के नाम पर हमले हुए है. जिनमे कुछ लोगो को अपनी जान से भी हाथ धोना पड़ा.

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