rajan

प्रसिद्ध पान मसाला रजनीगंधा को असुरक्षित करार देते हुए उत्तराखंड की एक अदालत ने कंपनी पर चार लाख रुपये का जुर्माना लगाया है. इसी के साथ एक व्यापारी पर भी पन्द्रह हजार रुपये का जुर्माना लगाया है.

चमोली जिले की खाद्य सुरक्षा अदालत ने खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत पान मसाले के उत्पादक मैसर्स धर्मपाल सत्यपाल लिमिटेड पर चार लाख तथा चमोली नगर में इस उत्पाद के खुदरा विक्रेता मैसर्स मेहरवाल एजेन्सी पर पन्द्रह हजार रुपये का आर्थिक दण्ड लगाया.

दरअसल, अदालत ने मसाले में से हानिकारक रसायन मेग्नेशियम कार्बोनेट तथा हानिकारक रंग कारमोइजीन पाये जाने पर ये अर्थदंड लगाया है. साथ ही इस पान मसाले को स्वास्थ्य के लिए भी खतरनाक माना है.

ध्यान रहे मैसर्स मेहरवाल एजेन्सी की दुकान से सितंबर 2014 में इस पान मसाले के नमूने लिये गये थे. इन नमूनों को राज्य की रूद्रपुर स्थित खाद्य विश्लेषण प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा गया था जहां पान मसाले के नमूने असुरक्षित  निकले.

जिले के खाद्य सुरक्षा अधिकारी की शिकायत पर अदालत द्वारा ये फैसला तीस अक्टूबर को दिया गया था, लेकिन सरकारी छुट्टियों का कारण आज सार्वजनिक किया गया.


Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

अभी पढ़ी जा रही ख़बरें

SHARE