देश के 40 केंद्रीय विश्वविद्यालयों के शिक्षकों ने जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ की हड़ताल का समर्थन किया है. इसके पहले जेेएनयू छात्र संघ ने ऐलान किया कि अध्यक्ष कन्हैया कुमार की रिहाई तक विश्वविद्यालय में कोई कामकाज नहीं होने दिया जाएगा. जेएनयू के शिक्षकों ने पहले ही हड़ताल का समर्थन करते हुए इस दौरान कक्षाएं नहीं लेने का फ़ैसला किया है.

समाचार एजेंसी पीटीआई ने ख़बर दी है कि केन्द्रीय विश्वविद्यालय शिक्षक संघ (एफ़ईडीसीयूटीए) जेएनयू छात्र संघ के अध्यक्ष कन्हैया कुमार की गिरफ़्तारी के ख़िलाफ़ हैं. एफ़ईडीसीयूटीए की अध्यक्ष नंदिता नारायण ने कहा, “छात्रों की नाराज़गी मौजूदा सरकार से है, वे संविधान के ख़िलाफ़ नहीं है. राष्ट्रीय सुरक्षा के नाम पर छात्रों के ख़िलाफ़ जिस तरह के क़दम उठाए जा रहे हैं, वह ग़लत हैं.”

और पढ़े -   बीआरडी अस्पताल में मौत की भेंट चढ़े बच्चो के परिजनो ने सुनाई आपबीती, अस्पताल प्रशासन पर उठाये सवाल

वे इसके आगे कहती हैं, “जेएनयू शिक्षण क्षेत्र में दशकों से उत्कृष्ट संस्था रही है. हैदराबाद विश्वविद्यालय के रोहित वेमुला की आत्महत्या का मामला हो या एफ़टीआईआई का, इसके छात्रों ने कई मसलों पर आवाज़ उठाई है. यह वक़्त उनके साथ खड़े होने का है.”

इसके अलावा पुणे की फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान (एफ़टीआईआई) के छात्रों ने भी जेएनयू में आंदोलन कर रहे छात्रों से एकजुटता दिखाई है. एफ़टीआईआई छात्र संघ अध्यक्ष हरिशंकर नचिमुथु ने कहा, “हम जेएनयू छात्रों के साथ हैं और कन्हैया कुमार की गिरफ़्तारी का पुरज़ोर विरोध करते हुए उन्हें तुरंत रिहा करनेे की मांग करते हैं.”

और पढ़े -   शरद यादव के आह्वान पर दिल्ली में एकजुट हुए विपक्षी दल

वे इसके आगे कहते हैं, “मौजूदा सरकार ने रोहित वेमुला की मौत से कुछ भी नहीं सीखा. सरकार की विचारधारा का विरोध करने वालों को लगातार गालियां दी जा रही हैं, परेशान किया जा रहा है, धमकियां दी जा रही है.”

दूसरी ओर, आंबेडकर विश्वविद्यालय के एक विभाग ने कहा, “आज ये सब जेएनयू के साथ हो रहा है, कल किसी दूसरी यूनिवर्सिटी के साथ हो सकता है. असहमति को देशद्रोह साबित किया जा रहा है. यह किसी भी शिक्षण संस्थान या समुदाय के लिए ख़तरे का संकेत है.” (बीबीसी हिंदी)

और पढ़े -   आज देश बच्चो की 36 लाशे देखकर रो पड़ा, सोचिये अगर चीन के साथ युद्ध हुआ तो...

Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE