पठानकोट हमले के ‘मास्टरमाइंड’ मसूद अजहर पर ‘वैश्विक प्रतिबंध’ की मांग के लिए भारत एक बार फिर संयुक्त राष्ट्र का रुख करेगा। गुरुवार को विदेश मंत्रालय की तरफ से यह जानकारी दी गई।

रिपोर्ट के मुताबिक, भारत इससे पहले भी मसूद के खिलाफ संयुक्त राष्ट्र जा चुका है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता विकास स्वरूप ने बताया, “हम 1267 प्रतिबंध समिति का रुख करेंगे। जिससे प्रतिबंध की सूची में मसूद अजहर का नाम शामिल किया जा सके। यह बहुत बड़ी विसंगति है कि जैश-ए-मोहम्मद इस सूची में है, लेकिन इसका नेता नहीं है।”

और पढ़े -   पूर्व आईपीएस संजीव भट्ट ने गाय को कामसूत्र से जोड़ा कहा, संघी ला रहे है कामसूत्र का पवित्र वर्जन

विकास स्वरूप ने कहा, “भारत पहले ही संयुक्त राष्ट्र की प्रतिबंध समिति को उन 11 आतंकवादियों की ताजा सूची सौंप चुका है। जिसमें अलकायदा, तालिबान और दूसरे संगठनों से संबंधित पाकिस्तान आधारित समूह के आतंकी शामिल हैं।” भारत में आतंकवाद से जुड़े 11 व्यक्तियों और एक संगठन की सूची बीते 18 फरवरी को 1267, 1989, 2253 आईएसआईल (दाएश) एवं अलकायदा प्रतिबंध समिति को सौंपी गई।

और पढ़े -   खुशखबरी: सऊदी सिम कार्ड के लिए हाजियों को अब नहीं होना होगा परेशान

गौरतलब है, संयुक्त राष्ट्र ने 2001 में जैश-ए-मोहम्मद को प्रतिबंधित किया था, लेकिन अजहर को प्रतिबंधित कराने के भारत के प्रयास को सफलता नहीं मिल पाई। इसकी वजह रही कि सुरक्षा परिषद के पांच स्थाई सदस्य देशों में से एक चीन ने इस प्रतिबंध की के लिए मंजूरी नहीं दी। (News24)


Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE