अमित शाह के खिलाफ काकरोली थाने में FIR दर्ज की गई थी और 4 अप्रैल 2014 को मुजफ्फरनगर के बरवार गांव में आपत्तिजनक भाषण देने का आरोप लगाया था।

साल 2014 में लोकसभा चुनाव के दौरान मुजफ्फरनगर जिले में घृणा फैलाने वाले भाषण देने के मामले में उत्तरप्रदेश पुलिस ने भाजपा अध्यक्ष अमित शाह को क्लीनचिट दे दी है। अभियोजन पक्ष के अनुसार, पुलिस ने कल स्थानीय अदालत में अंतिम रिपोर्ट दाखिल की और कहा कि उनके खिलाफ इस मामले में कोई साक्ष्य नहीं है।

और पढ़े -   यरूशलम फ़िलस्तीन और इस्लाम का है और इज़राइल इसे नहीं छीन सकता- मुफ़्ती अशफ़ाक़

अंतिम रिपोर्ट अब न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष रखी जायेगी जो अंतिम निर्णय करेंगे। उत्तर प्रदेश पुलिस ने शाह के खिलाफ काकरोली थाने में एफआईआर दर्ज की थी और उनपर 4 अप्रैल 2014 को मुजफ्फरनगर के बरवार गांव में आपत्तिजनक भाषण देने का आरोप लगाया था।

अभियोजन पक्ष के अनुसार, मिनरपुर के तत्कालीन उप मंडलीय मजिस्ट्रेट एवं सहायक चुनाव अधिकारी बाबूराम ने चुनाव आयोग के निर्देश पर शाह के खिलाफ आईपीसी की धारा 188 और जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 123 (3) के तहत शिकायत दर्ज कराई थी। एफआईआर के अनुसार, शाह ने कथित तौर पर कहा था कि सपा मुसलमानों को वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल करती है और दूसरे उसे वोट नहीं देंगे । साभार: जनसत्ता

और पढ़े -   योगी अदित्यनाथ ने पेश किया 100 दिन का रिपोर्ट कार्ड कहा, सरकार के काम से हूँ संतुष्ट

Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE