dm mbd

जिलाधिकारी मुरादाबाद ज़ुहैर बिन सग़ीर ने अपनी पत्नी के साथ अचानक एक मोहल्ले में जाकर अनजान व्यक्ति की तरह रिक्शा चालक के घर जाकर किया रोज़ा इफ्तार।

मुरादाबाद के कांठ रोड के नया गाँव में रहने वाले रिक्शा चालक निज़ाम उद्दीन के दरवाज़े पर इफ़्तार से  ठीक पहले एक महिला-पुरुष आ खड़े हुए, और अंदर आने की इजाज़त मांगी।  इससे पहले निज़ाम उद्दीन कुछ समझ पाते कि ठीक तभी पीछे से दो लोग आये और साथ लाये बड़े-बड़े डब्बे निज़ाम उद्दीन के घर के अंदर लाकर रख दिये, तभी मोहल्ले में रहने वाले सलीम ने (जो पेशे से रोज़ सुबहा समाचार पत्र बांटने का कार्य करतें हैं ) ज़ोर से कहा अरे ये तो DM साहब हैं, बस फ़िर क्या था पहले तो आस पास के लोगो को समझ ही नहीं आया कि आख़िर मामला क्या है।

ज़िलाधिकारी और उनकी पत्नी ने एक साथ निज़ामुद्दीन की पत्नी और बच्चों के साथ एक ही चटाई पर बैठ कर इफ़्तार लगा कर अज़ान का इंतज़ार किया और फिर ठीक जैसे ही 07:20 पर मस्जिद से अज़ान के ज़रिये अल्लाह का हुकुम हुआ कि रोज़ा इफ़्तार लो तो सभी ने एक साथ बैठ कर पहले खजूर से रोज़ा इफ़्तार, उसके बाद निजामुद्दीन के घर के अंदर से लाया गया बर्फ़ द्वारा ठंडा किया गया पानी पिया, फ़िर साथ लाए गये सामान को भी इफ़्तार में शामिल किया गया।

हमेशा मोहल्ले में ग़रीबी रेखा से नीचे गुज़र बसर करने वाले निजामुद्दीन को तो अभी तक ये यक़ीन नहीं है कि उस ग़रीब के साथ आज इतने बड़े शहर के DM साहब ने वो भी अपनी पत्नी के साथ बैठ कर रोज़ा इफ़्तार किया है। चलते वक़्त ज़िलाधिकारी की पत्नी ने निजामुद्दीन की पत्नी और बच्चों से खेरियत ली और साथ ही  उनकी कुछ आर्थिक मदद कर उन्हें खाने पीने का सामान और ईद के लियें नये नये कपड़े भी दिये।

ज़िलाधिकारी मुरादाबाद ने एक ग़रीब रिक्शा चालक निजामुद्दीन के परिवार के साथ उनके घर जाकर रोज़ा इफ़्तार कर एक नई मिसाल क़याम कर दी है।


लाइक करें :-


Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें

कमेंट ज़रूर करें