1478512045152

जेद्दाह | क्या अपने कभी सोचा है की एक ट्वीट किसी की जिन्दगी में तूफ़ान ला सकता है. जी हां, एक ट्वीट ऐसा कर सकता है. सऊदी अरब की एक महिला को मुस्लिमो की दाढ़ी पर ट्वीट करना इतना महंगा पड़ा की उनको जेल की हवा खानी पड़ी. महिलाओ के हक़ के लिए लड़ने वाली यह महिला पहले भी ऐसी हरकत कर चुकी है.

सऊदी अरब के जेद्दाह में रहने वाली सौउद अल शेमरी ने मुस्लिमो की दाढ़ी को लेकर एक ट्वीट किया जिसमे उन्होंने कई दाढ़ी वाले लोगो की तस्वीर पोस्ट की थी. इन लोगो में यहूदी, सिख, कम्युनिस्ट , खलीफा और एक मुस्लिम था. इस ट्वीट में सौउद ने लिखा की केवल दाढ़ी रख लेने से कोई मर्द पवित्र नही हो जाता. अगर ऐसा होता तो पैगम्बर मोहम्मद के सबसे बाद आलोचक की दाढ़ी उनसे लम्बी न होती.

और पढ़े -   जॉर्डन में इजरायली दूतावास पर गोलीबारी, एक की मौत और दो घायल

सौउद ने आगे लिखा की केवल दाढ़ी होना सच्चे मुसलमान होने का प्रतीक नही है. उनके इस ट्वीट पर पूरे सऊदी अरब में कड़ी प्रतिक्रिया देखने को मिली. सऊदी अरब के मौलवी और रुढ़िवादी लोगो ने सौउदी के लिए सख्त सजा की मांग की. इसका असर यह हुआ की सौउदी को सऊदी सरकार ने तीन महीने की सजा सुनाई. अभी हाल ही में सौउदी अपनी सजा खत्म कर बाहर आई है.

और पढ़े -   सऊदी राजकुमार ने कहा - हमें अल-अकसा की हिफाजत के लिए लड़ना चाहिए

42 वर्षीय सौउदी ,इस्लामी कानून में ग्रेजुएट है. उनका दो बार तलाक हो चुका है और दोनों शादी से सौउदी को छह बच्चे है. सौउदी के खुले विचारो से नाराज होकर उनके परिजनों ने उनको सार्वजानिक रूप से बेदखल किया हुआ है. जेल से बाहर निकलकर सौउदी ने कहा की कुछ लोग बिना सोचे समझे फैसले ले रहे है, इस्लाम में पुरुष और महिला दोनों को सामान अधिकार प्राप्त है. इसलिए उनको मेरी बात ध्यान से सुननी चाहिए और उस पर अमल करना चाहिए.

और पढ़े -   ट्रम्प आदेश दे तो अगले हफ्ते ही चीन पर गिरा दूं न्‍यूक्‍ल‍ियर बम - अमेरिकी एडमिरल

Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE