बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना ने बुधवार को कोक्स बाजार जिले में लगे शरणार्थी कैंपों का दौरा कर रोहिंग्या मुस्लिमों को हर संभव मदद का भरोसा दिया.

डेली स्टार’ के मुताबिक, हसीना सुबह करीब 11.40 बजे कैंपों की हालत का जायजा लेने के लिए पहुंचीं. इस दौरान उन्होंने शरणार्थियों के बीच राहत सामग्री का वितरण भी किया. प्रधानमंत्री के साथ आपदा प्रबंधन और राहत मंत्री मोफज्जल होसैन चौधरी, आवास और लोक निर्माण मंत्री मोशर्रफ होसैन, भूमि राज्यमंत्री सैफुद्दीन चौधरी समेत अन्य नेता भी थे.

उन्होंने कहा, ‘‘हम पड़ोसी देशों में शांति और मित्रवत संबंध चाहते हैं, लेकिन हम किसी तरह की नाइंसाफी नहीं होने देंगे और इसे स्वीकार भी नहीं कर सकते. हम इसका विरोध करना जारी रखेंगे.’’ उन्होंने शरणार्थियों को विश्वास दिलाया कि बांग्लादेश उन लोगों को मानवीय सहायता मुहैया कराता रहेगा.

शेख हसीना ने किया रोहिंग्या शरणार्थी कैंपों का दौरा

हसीना ने कहा, “हमने मानवता के आधार पर उन्हें (रोहिंग्या शरणार्थी) आश्रय दिया है. 1971 में हमारे घरों को भी जलाया गया था. जब लोगों को कहीं जाने का रास्ता नहीं मिला तो वे भागकर भारत चले गए. इसलिए हम उनकी मदद के लिए अपनी क्षमता से हर संभव प्रयास कर रहे हैं.”

हसीना ने कहा, ‘उन्हें इसे बंद करना चाहिए. म्यांमार की सरकार को इस परिस्थिति को संयम से सुलझाना चाहिए था. उन्हें सेना को लोगों पर हमला करने की इजाजत नहीं देनी चाहिए थी.’ उन्होंने कहा कि इसमें मासूम बच्चों और महिलाओं का क्या कसूर है?

बांग्लादेशी प्रधानमंत्री ने कहा कि बांग्लादेश रोहिंग्या मुस्लिमों की मदद करता रहेगा. लेकिन इस मामले में म्यांमार को जल्द ही कुछ फैसला करना होगा. शेख हसीना ने कहा कि म्यांमार की बर्बरता को व्यक्त करने के लिए शब्द काफी नहीं हैं.


Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

अभी पढ़ी जा रही ख़बरें

SHARE