क़तर के पूर्व प्रधानमंत्री ने सीरिया संकट को लेकर गलती को मान लिया है. साथ ही उन्होंने खाड़ी के दक्षिणी तटवर्ती देशों और अमरीका को भी कठघरे में खड़ा किया है.

पूर्व प्रधानमंत्री हमद बिन जासिम बिन जब्र आले सानी ने अमरीका के पीबीएस टीवी से बात करते हुए कहा कि अमरीका की ओर से सीरिया के कुछ गुटों का समर्थन, बड़ी ग़लती थी. उन्होंने कहा कि क़तर समेत फ़ार्स की खाड़ी के दक्षिणी तटवर्ती देशों और अमरीका, जाॅर्डन और तुर्की में बनाए गए दो आॅप्रेशन रूमों के माध्यम से सीरिया में काम कर रहे थे.

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उन्होंने कहा कि कहा कि हम जान चुके हैं कि जब सीरिया में इन गुटों का काम ख़त्म हो जाएगा तो वे हमें निशाना बनाएंगे. साथ ही उन्होंने ईरान से रिश्तें को लेकर  कहा कि दोहा, तेहरान के साथ अच्छे और स्वाभाविक संबंधों के लिए प्रयास जारी रखेगा.

क़तर के पूर्व प्रधानमंत्री ने इस बात का उल्लेख करते हुए कि ईरान, क़तर का पड़ोसी देश है और दोनों के संयुक्त गैस स्रोत हैं, कहा कि ईरान के साथ अच्छे संबंध रखना एक स्वाभाविक क़दम है.

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