रोहिंग्या मुस्लिमों को लेकर ईरान पहले ही तुर्की के साथ-साथ कंधे से कंधा मिला चूका है. ईरान ने कहा कि उसने दुनिया के मुसलमानों से जो वादा किया है उसके दृष्टिगत, पूरी शक्ति के साथ रोहिंग्या मुसलमानों को उनका हक़ दिलवाने की कार्यवाही करेगा.

विदेशमंत्रालय के प्रवक्ता बहराम क़ासिमी ने मंगलवार को बताया, संयुक्त राष्ट्र संघ की महा सभा का वार्षिक अधिवेशन में ईरान भी म्यांमार के मुसलमानों के जनसंहार का विषय उठाएगा. साथ ही कहा कि ईरान विभिन्न स्तरों पर रोहिंग्या मुसलमानों के विरुद्ध बौद्ध चरमपंथियों के हमलों और सेना के अपराधों को रुकवाने के लिए अपने प्रयास यथावत जारी रखे हुए है.

और पढ़े -   बौद्ध कट्टरपंथीयो के हमले में रोहिंग्याओं के लिए सहायता ले जा रहे 9 राहतकर्मियों की मौत

उन्होंने आगे कहा कि विदेश मंत्रालय में एशिया प्रशांत मामलों के निदेशक इब्राहीम रहीमपुर के नेतृत्व में गुरुवार को ईरानी प्रतिनिधिमंडल बांग्लादेश पहुंच जाएगा जो अपने साथ सहायता सामग्री की खेप लेकर जा रहा है. क़ासेमी ने बताया, इस प्रतिनिधिमंडल के साथ ईरान की रेड क्रीसेंट संस्था की एक टीम भी बांग्लादेश जाएगी और बांग्लादेश के माध्यम से मानवता प्रेमी सहायता रोहिंग्या मुसलमानों तक पहुंचाई जाएगी.

और पढ़े -   ओआईसी का कुर्दों से जनमत संग्रह को रद्द करने का आग्रह, कहा - क्षेत्र होगा अस्थिर

इसके अलावा ईरान रोहिंग्या शरणार्थियों के लिए बांग्लादेश में शिविर लगाने और चिकित्सा कैंप स्थापित करने के लिए तैयार है. उन्होंने बताया कि बांग्लादेश के सामने यह प्रस्ताव रखा गया है जिसे ढाका सरकार ने स्वीकार किया है.

उल्लेखनीय है कि राख़ीन प्रांत में सेना की छावनी पर अज्ञात लोगों के हमले के बाद सुरक्षा बलों ने रोहिंग्या मुसलमानों के विरुद्ध कार्यवाही आरंभ कर दी थी. म्यांमार की सेना की कार्यवाही में अब तक 1000 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं.

और पढ़े -   ट्रम्प ने दिया क़तर अमीर को भरोसा, सऊदी अरब नहीं करेगा कोई सैन्य कार्रवाई

Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE