वाशिंगटन | प्रधानमंत्री मोदी की अमेरिका यात्रा से भारत को बड़ी कामयाबी मिली है. अमेरिका ने मोदी और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की मुलाकात से कुछ घंटे पहले हिजबुल मुजाहिद्दीन प्रमुख सैयद सलाउद्दीन को वैश्विक आतंकवादी घोषित कर दिया. भारत के लिए यह बड़ी कामयाबी है क्योकि पिछले कुछ सालो में हिजबुल मुजाहिद्दीन ने कश्मीर के काफी आतंकवादी हमले अंजाम दिए है.

सोमवार को मोदी और ट्रम्प की मुलाकात से पहले अमेरिकी रक्षा मंत्री जेम्स मैटिस और विदेश मंत्री रेक्स टिलरसन ने भी मोदी से मुलाकात की. इस दौरान उन्होंने मोदी से आतंकवाद और अफगानिस्तान के हालातो पर चर्चा की. यह मुलाकात होटल विलार्ड इंटरकांटिनेंटल में की गयी जहाँ प्रधानमंत्री मोदी ठहरे हुए है. मुलाकात के दौरान वहां राष्ट्रिय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और अन्य अधिकारी मौजूद रहे.

और पढ़े -   डोकलाम विवाद से उपजे तनाव के लिए चीन ने ठहराया पीएम मोदी को जिम्मेदार: चीन

इससे पहले अमेरिकी विदेश विभाग ने एक बयान जारी कर सलाउद्दीन को वैश्विक आतंकवादी घोषित कर दिया. अपने बयान में विदेशी विभाग ने कहा की हिजबुल मुजाहिद्दीन के वरिष्ठ नेता के रूप में सलाउद्दीन जिसे की सैयद मुहम्मद युसूफ शाह के नाम से जाना जाता है, ने सितंबर, 2016 में कसम खाई थी कि वह कश्मीर मुद्दे का कभी शांतिपूर्ण हल नहीं होने देगा. साथ ही उसने कश्मीर में और आत्मघाती हमलावर तैयार करने और कश्मीर घाटी को भारतीय सैनिकों के कब्रिस्तान में तब्दील कर देने की धमकी दी थी.

और पढ़े -   रोहिंग्या समूह ने कहा – म्यांमार मुस्लिमों के नरसंहार में लगा हुआ

अमेरिका के सलाउद्दीन को वैश्विक आतंकवादी घोषित करने का असर यह होगा की अब अमेरिका की सीमा के अन्दर सलाउद्दीन की जितनी भी संपत्ति होगी उसको जब्त कर लिया जायेगा एवं कोई भी अमेरिकी नागरिक , उसके साथ किसी भी तरह का व्यापार नही कर पायेगा. उधर भारत ने अमेरिका के इस कदम का स्वागत करते हुए कहा की उनका यह कदम दोनों देशों के समक्ष आतंकवाद के खतरे को मजबूती से रेखांकित करता है.

और पढ़े -   2016 में गौरक्षा के नाम पर बढ़ी है मुस्लिमों पर हिंसा: अमेरिकी विदेशमंत्री

Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE