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Monday, March 27, 2017
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पाठको के लेख

"फूट डालो और राज करो" की नीति के तहत अंग्रेजो ने मुस्लिमों को हिन्दुओं और सिखों से लड़वाने के लिए भारत के मुस्लिम शासकों के विरुद्ध गैर मुस्लिमों पर अत्याचार की बहुत सी भड़काऊ बातें इतिहास मे लिखवाई हैं, प्राय: ये भड़काऊ बातें तथ्यों को गलत ढंग से पेश...
निर्मल रानी पिछले दिनों नागालैंड के दीमापुर में घटित हुई लोमहर्षक घटना ने पूरे देश के न्यायप्रिय तथा भारतीय संविधान व लोकतंत्र पर अपना विश्वास रखने वाले लोगों को हिलाकर रख दिया। हमारा देश ऐसी ही सांप्रदायिकता से शराबोर भीड़ के कई बदनुमा कारनामों को पहले भी कई बार देख...
कुवैत की मस्जिद धमाका हुआ डेढ़ दर्जन लोग मारे गये, मारने वाले और मरने वाले भले ही अलग समुदाय और अलग धर्म के मानने वालों हों मगर एक पहचाना जो मिटकर भी नहीं सकती और इन दोनों को एक साथ लाकर खड़ी कर देती है वह है इनका इंसान...
गोधरा कांड की तेरहवीं बरसी पर रिहाई मंच ने गुजरात के पूर्व डीजीपी आरबी श्रीकुमार का एक पत्र मीडिया में जारी करते हुए सपा सरकार पर आरोप लगाया है कि उसने जानबूझ कर गोधरा कांड के चश्मदीद यूपी के पुलिस अधिकारियों का बयान इस कांड की जांच कर रही...
कुडालकोर से 80 किमी दूर एक गांव। इस गांव में रह रही है 21 साल की वह बिन ब्याही मां, जिसकी छह साल की एक बच्ची है। पिछले चार दिनों से इसकी जिंदगी का सन्नाटा भी इससे छिन चुका है। उस एक कमरे में गुस्सा और निराशा ही उसके...
अलीगढ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के बानी सर सय्यद अहमद खां को मुसलमानों में आधुनिक शिक्षा का जन्मदाता माना जाता है .यह कहना गलत नहीं होगा कि वे भारत में मुसलमानों की गरीबी और अशिक्षा को देख कर बहुत चिंतित थे और उनकी दशा सुधारने की हमेशा फ़िक्र करते थे .उन्होंने...
तनवीर जाफ़री -        16 दिसंबर को पेशावर के एक सैनिक स्कूल पर हुए आतंकी हमले में मारे गए लगभग 150 बच्चों व अध्यापकों जैसे दिल दहला देने वाले हादसे के बाद पाकिस्तान में आतंकवाद के विरुद्ध पहली बार कुछ रचनात्मक किए जाने की ललक दिखाई दे रही...
वसीम अख्तर बरकाती अभिव्यक्ति की आज़ादी ,अभिव्यक्ति की आज़ादी पर ,हमला, यह कुछ वाक्य हैं, जो जो फ्रांस की मेगज़ीन शार्ली एब्दो पर हमले के बाद सुनने को मिले है! लेकिन इससे सवाल यह उठता है, कि क्या अभिव्यक्ति की आज़ादी इतना आज़ाद कर देती हैकि एक मेगज़ीन जब चाहे, जैसे चाहे, जिसका...
इर्शादुल हक, सम्पादक, नौकरशाही डॉट इन महत्वपूर्ण नोट- सरैया साम्प्रदायिक आक्रमण की पृष्ठभूमि के चार मुख्य पहलू हैं. पहला भारतेंदु के अपहरण और हत्या का. दूसरा हिंसा का. तीसरा प्रशासन की भूमिका का और चौथा-  इस आक्रमण के पीछे छुपी रणनीति और इसके मास्टरमांइड की कहानी. इसके अलावा कुछ और...
लखनऊ, 15 फरवरी 2015। रिहाई मंच ने सन् 2008 में आतंकवादी बताकर गिरफ्तार किए गए बेलगाम, कर्नाटक निवासी इकबाल अहमद जकाती, जो चार साल तक बेगुनाह होते हुए भी जेेल में बंद रहे और बाद में अदालत द्वारा बाइज्जत बरी किए गए, को दंगा भड़काने के एक फर्जी मुकदमें...

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