37.5 C
New Delhi,India
Wednesday, March 29, 2017
Home पाठको के लेख

पाठको के लेख

मुझे पुरानी चीजें इकट्ठी करने का बहुत शौक है। आज भी मैंने मेरी पुरानी किताबें, कलम, सिक्के और डायरियां बहुत संभालकर रखी हैं। मुझे यह शौक मेरे नाना स्व. श्री भगवानाराम शर्मा से मिला। वे बहुत प्यारे इन्सान थे जिन्हें मैं रोज याद करता हूं। उनके पास पुरानी मालाएं,...
सरफ़रोशी की तमन्ना, अब हमारे दिल में है। देखना है ज़ोर कितना, बाज़ु-ए-कातिल में है? बिस्मिल आज हमारा देश बड़े ही नाजुक दौर से गुजर रहा है। केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों के कारण देश गर्त में गिरता जा रहा है। जब देश के प्रगतिशील पत्रकार,छात्र, अध्यापक, मजदूर-किसान इन नीतियों के खिलाफ...
मैं कभी-कभी लिखता हूं लेकिन मुझे पढ़ना ज्यादा पसंद है, इसलिए मैं रोज पढ़ता हूं। जब मैं हजरत मुहम्मद (सल्ल.) को पढ़ता हूं तो मेरे दिलो-दिमाग को ताकत मिलती है। कितने महान थे मुहम्मद (सल्ल.)! पूरी जिंदगी गम के घाव सहते हुए बिता दी मगर जमाने को मुस्कान ही...
-  कोई पास मेरे जब आए तो खुद को दुनिया में सबसे ज्यादा महफूज समझे। ऐसा हो मेरा जिहाद। - कोई नंगे पांव चलता मिले, तो मेरे जूते उसे पहना दूं। ऐसा हो मेरा जिहाद। - बारिश के मौसम में जब बरसें काले बादल, तो किसी को मेरा छाता दे दूं।...
लेखक: उदय चे मै आरक्षण हूँ। वो ही आरक्षण जिसको खत्म करने के लिए आज अगड़ी जातियों ने तांडव मचाया हुआ है। इसलिए आज मै बहुत दुखी हूं। मै तिलमिला रहा हूँ। मै आज जोर-जोर से रो रहा हूँ। लेकिन मेरी रोने की आवाज कोई नही सुन रहा है। मै...
अश्लीलता एक शब्द जो कथाकथित संस्कृति के ठेकेदारों को सालती है. अश्लीलता जो प्रबुद्ध समाज को चुभती है. अश्लीलता जो पढ़े-लिखे धड़े को अनपढ़ और गंवार धड़े में ज़्यादा नज़र आती है. अश्लीलता जो हिन्दुत्व के ठेकेदारों को प्रेमी जोड़ों के साथ रहने में नज़र आती है. अश्लीलता जो...
हम 21वीं सदी में ज़िंदगी का सफ़र कर रहे हैं. पीढ़ियां गुज़र चुकी हैं. सभ्यताओं की कहानी इतिहास बनकर हमारे आंखों के सामने है. यादों के झरोखे में राजाओं का दौर. शहंशाहों का ज़माना. ब्रिटिश हुक़ूमत और आज़ादी की जंग का ज़माना है. 1947 से 2017 तक के सफ़र...
कंचना माला और मोइदीन का प्यार हमारे दौर का एक ऐसा मिसाल है जिसका जिक्र फसानों में भी नहीं मिलता है. यह मोहब्बत का ऐसा जादू है जिस पर  यकीन करना मुश्किल हो जाए कि क्या कोई किसी से इस कदर टूट कर भी प्यार कर सकता है?यह अपने...
मेरा नाम राजीव शर्मा है और मेरा मुल्क हिंदुस्तान। मेरा शौक या कहिए पेशा एक ही है- लोगों को कहानियां सुनाना, क्योंकि इसके अलावा मुझे कुछ नहीं आता। पढ़ना बहुत पसंद है। अगर मेरा बस चले तो किसी लाइब्रेरी में घुस जाऊं और उसके दरवाजे पर ताला लगाकर चाबी...
बिहार के सभी सरकारी उर्दू विद्यालयों में शुक्रवार को छुट्टी रहती है लेकिन इधर कुछ दिनों से एक सोचे समझे मंसूबे के तहत इस छुट्टी को समाप्त करने का प्रयास किया जा रहा है. कभी प्रखंड स्तर पर प्रधानअध्यापक और शिक्षकों की बैठक, कभी कृमि मुक्त अभियान और अब शुक्रवार...

फेसबुक पर लाइक करें

ताज़ा समाचार

सप्ताह की प्रमुख खबरें