लखनऊ,कोख के बजाय पेट में बच्चे के पलने वह भी पूरे नौ महीने, शायद ही आपने सुना हो। पेट दर्द की शिकायत पर बंथरा से पहुंची महिला केजीएमयू पहुंची तो अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट देखकर डॉक्टर भी हैरान रह गईं।

child-56ab10d6101c6_exlst

डॉ. एसपी जैसवार की टीम ने फौरन ऑपरेशन का फैसला किया। दो घंटे चले ऑपरेशन के बाद बच्ची को पेट से निकाला गया।

26 जनवरी को पेट काटकर (नेप्रोटमी) के तहत पानी की थैली में मौजूद बच्ची को सकुशल बाहर निकाला गया। जच्चा और बच्ची दोनों पूरी तरह स्वस्थ हैं। बच्ची का वजन करीब ढाई किलो है।

और पढ़े -   तस्वीरो में देखिये इन्टरनेट सनसनी बन चुकी ह्यूमन बार्बी डॉल को..

नौ महीने मां को कोई परेशानी न होना : डॉ. एसपी जैसवार बताती हैं कि रज्जो (परिवर्तित नाम) 26 जनवरी को अस्पताल आई। इस केस में पहली चौंकाने वाली बात यही थी कि बच्चा कोख के बजाय पेट में पल रहा था।

ऐसा 10 हजार मामलों में से एकाध होता है। यह केस इसलिए रेयर है क्योंकि नौ महीने तक मां को कोई परेशानी नहीं हुई।

गर्भनाल के बजाय आंत की झिल्ली से ब्लड सप्लाई : डॉ. जैसवार के मुताबिक बच्चा कोख में होता है तो गर्भनाल की मदद से पोषक तत्व और ब्लड बच्चे को सप्लाई होता है।

और पढ़े -   तस्वीरो में देखिये इन्टरनेट सनसनी बन चुकी ह्यूमन बार्बी डॉल को..

पर, यह मामला इसलिए भी अनोखा था कि बच्ची को मां की आंत की झिल्ली से ब्लड और पोषक तत्वों की सप्लाई मिल रही थी। यह एक तरह से कुदरत का करिश्मा ही कहा जा सकता है।

बच्ची को ब्लड की सप्लाई आंत की झिल्ली से होने के बावजूद मां और बच्ची को कोई संक्रमण न होना भी अनोखा है। अगर आंत की झिल्ली के रक्त प्रवाह में थोड़ा भी दिक्कत होती तो दोनों की जान मुश्किल में पड़ जाती। अमूमन इस तरह के मामलों में संक्रमण का खतरा रहता है।

और पढ़े -   तस्वीरो में देखिये इन्टरनेट सनसनी बन चुकी ह्यूमन बार्बी डॉल को..

डॉ. जैसवार के मुताबिक इसके कई कारण हो सकते हैं। कोख में छेद होने पर बच्चा पेट में बड़ा होने लगता है। एबॉर्शन की वजह से कोख में समस्या हो सकती है जिससे ऐसे मामले हो सकते हैं। हालांकि इस मामले में ऐसा क्यों हुआ, इसका पता लगाया जाएगा।

गर्भावस्था के दौरान नियमित अल्ट्रासाउंड जांच जरूरी है। सन्नो की अल्ट्रासाउंड जांच पहले से हो रही होती तो ये स्थिति पहले ही पता चल जाती।

साभार अमर उजाला


Urdu Matrimony - मुस्लिम परिवार में विवाह के लिए अच्छे खानदानी रिश्तें ढूंढे - फ्री रजिस्टर करें



Facebook Comment
loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें

SHARE